आसमां छूने की , चाहत नही हमें ।
मोहब्बत में , बस रहूँ तेरे दिल❤️ में ।
गम ओ खुशी में , यही काफी है मेरे लिए ।
तुम संग हो तो ,मुझे क्या कमी है ।
गम क्या है ? अब कुछ भी तो नही है ।
आसमां छूने की , चाहत नही हमें ।
मोहब्बत में , बस रहूँ तेरे दिल❤️ में ।
गम ओ खुशी में , यही काफी है मेरे लिए ।
✍️ज्योति प्रसाद रतूड़ी
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें